661 निवेशकों से रकम जुटाने और धन के कथित डायवर्जन की जांच, गुरुग्राम में घर, फार्महाउस और कार्यालय पर एक साथ तलाशी
अमर ज्वाला//गुरुग्राम
हरियाणा के पूर्व मंत्री और पूर्व विधायक गोपाल कांडा से जुड़े गुरुग्राम स्थित तीन ठिकानों पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने गुरुवार को छापेमारी की। ईडी की यह कार्रवाई कथित रियल एस्टेट धोखाधड़ी और उससे जुड़े धन शोधन मामले की जांच के तहत की गई है। अधिकारियों के अनुसार, टीम ने कांडा के आवास, फार्महाउस और कार्यालय में तलाशी ली।
ईडी की जांच रियल एस्टेट कंपनी वाटिका लिमिटेड से जुड़े मामले पर केंद्रित है। आरोप है कि कंपनी से जुड़े चार वाणिज्यिक प्रोजेक्टों में निवेशकों को समय पर कब्जा देने, सुनिश्चित रिटर्न, लीज रेंटल और बिक्री विलेख पूरा करने का भरोसा देकर निवेश कराया गया।
661 निवेशकों से 248.46 करोड़ रुपये जुटाने का आरोप
ईडी अधिकारियों के अनुसार, जांच के दायरे में शामिल चार परियोजनाओं में करीब 661 निवेशकों से 248.46 करोड़ रुपये जुटाए गए। आरोप है कि रकम लेने के बावजूद निवेशकों को अब तक संबंधित संपत्तियों का कब्जा नहीं दिया गया और न ही वादे के अनुसार बिक्री विलेख निष्पादित किए गए।
कांडा से जुड़ी कंपनियों तक रकम पहुंचने की जांच
ईडी अब इस बात की जांच कर रही है कि निवेशकों से जुटाई गई रकम का आगे किस तरह इस्तेमाल और हस्तांतरण किया गया। जांच एजेंसी के अनुसार, कथित तौर पर डायवर्ट की गई रकम गोपाल कांडा से जुड़ी विभिन्न कंपनियों में स्थानांतरित किए जाने के वित्तीय सुराग मिले हैं। इसी धन के लेन-देन और उसके स्रोत तथा गंतव्य का पता लगाने के लिए गुरुग्राम में यह तलाशी कार्रवाई की गई।
