केंद्रीय छात्र संघ के पदाधिकारियों ने ली पद व गोपनीयता की शपथ
अमर ज्वाला//मंडी
सरदार पटेल विश्वविद्यालय मंडी में शैक्षणिक सत्र 2026–27 के लिए केंद्रीय छात्र संघ के पदाधिकारियों एवं सदस्यों का शपथ ग्रहण समारोह मंगलवार को स्वामी विवेकानंद भवन में आयोजित किया गया। छात्र केंद्रीय संघ का गठन लिंगदोह समिति की सिफारिशों में निहित प्रावधानों के अनुसार मेरिट के आधार पर किया गया है।
समारोह में विश्वविद्यालय के कुलपति आचार्य ललित कुमार अवस्थी ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। कार्यक्रम का शुभारंभ कुलपति के स्वागत और वंदे मातरम् के सामूहिक गायन से हुआ। इसके बाद अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो. राजेश कुमार शर्मा ने स्वागत संबोधन में छात्र केंद्रीय संघ की भूमिका, उद्देश्यों तथा विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में इसके महत्व पर प्रकाश डाला।
समारोह के दौरान केंद्रीय छात्र संघ के गठन और पदाधिकारियों का परिचय करवाया गया। कुलपति आचार्य ललित कुमार अवस्थी ने एम.एससी. तृतीय सेमेस्टर बॉटनी की छात्रा नेहा को अध्यक्ष, एम.एससी. तृतीय सेमेस्टर भौतिकी की रेबेला को उपाध्यक्ष, एम.एससी. प्रथम सेमेस्टर बॉटनी की कसक को महासचिव तथा एम.एससी. प्रथम सेमेस्टर रसायन विज्ञान की अंजलि को संयुक्त सचिव के पद की शपथ दिलाई।
इसके अलावा विभिन्न स्नातकोत्तर पाठ्यक्रमों एवं सेमेस्टरों के कक्षा प्रतिनिधियों को भी पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई गई। इनमें एम.एससी. बॉटनी से भूमिका एवं अंजलि शर्मा, एम.एससी. रसायन विज्ञान से खुशबू एवं अंजलि, एमसीए कंप्यूटर साइंस से मित्तली एवं दीक्षा कुमारी, एम.एससी. पर्यावरण विज्ञान से अंबिका एवं गरिना चौहान, एम.ए. इतिहास से ईशा ठाकुर एवं प्रेरणा, एम.एससी. इंडस्ट्रियल केमिस्ट्री से दीक्षा चौधरी एवं ममता, एमबीए से आयुष राणा एवं काशिश, एम.एससी. भौतिकी से हिमानी एवं कोमल शर्मा, एम.ए. पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन से रिया ठाकुर एवं रीतू शर्मा, एम.एससी. जूलॉजी से तमन्ना एवं अक्षिता तथा बी.एससी.-एम.एससी. इंटीग्रेटेड भौतिकी से अंशिता एवं तनिषा शामिल रहीं।
कुलपति आचार्य ललित कुमार अवस्थी ने छात्र संघ के सदस्यों को प्रमाण-पत्र भी प्रदान किए। विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय केवल अकादमिक ज्ञान प्राप्त करने का केंद्र नहीं है, बल्कि विद्यार्थियों में नेतृत्व क्षमता, अनुशासन, जिम्मेदारी और लोकतांत्रिक मूल्यों के विकास का भी महत्वपूर्ण मंच है।
उन्होंने केंद्रीय छात्र संघ के सदस्यों से विश्वविद्यालय में सकारात्मक शैक्षणिक वातावरण बनाने, विद्यार्थियों की समस्याओं को रचनात्मक ढंग से सामने रखने और विश्वविद्यालय की विकास यात्रा में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थी आज के युवा और भविष्य के राष्ट्र-निर्माता हैं। इसलिए उनमें कर्तव्यबोध, नेतृत्व, सेवा भावना और राष्ट्र के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित होना आवश्यक है।
कुलपति ने केंद्रीय छात्र संघ के सभी पदाधिकारियों एवं सदस्यों को उनके नए दायित्वों के लिए शुभकामनाएं दीं।
